गढ़वाल विवि में 97 कर्मचारियों को मिले स्थायी नियुक्ति पत्र

श्रीनगर (गढ़वाल), 4 जून। हेमवती नंदन बहुगुणा गढ़वाल विश्वविद्यालय में लंबे समय से कार्यरत कर्मचारियों के लिए गुरुवार का दिन ऐतिहासिक रहा। विश्वविद्यालय प्रशासन द्वारा द्वितीय चरण में लेवल-1 श्रेणी के 97 कर्मचारियों को स्थायी नियुक्ति पत्र वितरित किए गए। नियुक्ति पत्र प्राप्त करते ही कर्मचारियों के चेहरों पर वर्षों के संघर्ष की खुशी साफ झलक उठी। विश्वविद्यालय के एसीएल हॉल में आयोजित नियुक्ति पत्र वितरण समारोह में प्रदेश के कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत एवं देवप्रयाग विधायक विनोद कंडारी मुख्य रूप से उपस्थित रहे। दोनों अतिथियों ने कर्मचारियों को नियुक्ति पत्र सौंपते हुए उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दीं। गौरतलब है कि गढ़वाल विश्वविद्यालय में कुल 147 दैनिक एवं नियत वेतनभोगी कर्मचारियों के नियमितीकरण की प्रक्रिया पूरी की जा रही है। लंबे समय से उच्च न्यायालय में विचाराधीन इस मामले पर विश्वविद्यालय की कार्यपरिषद (ईसी) की 9 मई को कुलपति प्रो. श्रीप्रकाश सिंह की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में मुहर लगी थी। इस अवसर पर मुख्य अतिथि डॉ. धन सिंह रावत ने कहा कि राज्य सरकार कर्मचारियों के हितों और विश्वविद्यालय के समग्र विकास के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने बताया कि शिक्षणेत्तर कर्मचारियों की विभिन्न समस्याओं के समाधान के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन के साथ बैठक कर ठोस कार्ययोजना बनाई जाएगी तथा 15 जून से पूर्व केंद्रीय शिक्षा मंत्री से भी इस संबंध में वार्ता की जाएगी। डॉ. रावत ने उच्च शिक्षा के क्षेत्र में राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रदेश के 10 हजार विद्यार्थियों को आईआईटी, एनआईटी, आईएएस एवं पीसीएस जैसी प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए ऑनलाइन एवं ऑफलाइन निःशुल्क कोचिंग उपलब्ध कराई जाएगी। इसके अतिरिक्त शोध कार्यों को प्रोत्साहित करने के लिए विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को 15 लाख रुपये तक की सहायता प्रदान की जाएगी। शिक्षक दिवस के अवसर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले पांच महाविद्यालयों के पांच प्राध्यापकों को भी सम्मानित किया जाएगा। देवप्रयाग विधायक विनोद कंडारी ने कर्मचारियों को बधाई देते हुए कहा कि वे आज एक जनप्रतिनिधि के रूप में नहीं, बल्कि विश्वविद्यालय के पूर्व छात्र के रूप में यहां उपस्थित हैं। उन्होंने विश्वविद्यालय के विकास के लिए हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया। साथ ही चैरास परिसर के बाहर सीसीटीवी कैमरे स्थापित करने का सुझाव दिया, जिससे सुरक्षा व्यवस्था, स्वच्छता और नशाखोरी पर प्रभावी नियंत्रण किया जा सके। विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो. श्रीप्रकाश सिंह ने कहा कि कैबिनेट मंत्री डॉ. धन सिंह रावत के प्रयासों से विश्वविद्यालय की समस्याएं केंद्रीय शिक्षा मंत्री के समक्ष प्रभावी ढंग से रखी गईं, जिसके परिणामस्वरूप कर्मचारियों के नियमितीकरण का मार्ग प्रशस्त हुआ। उन्होंने बताया कि कर्मचारियों के रेशनलाइजेशन की प्रक्रिया भी जारी है तथा विश्वविद्यालय में नियमित वित्त अधिकारी और परीक्षा नियंत्रक की नियुक्ति हो चुकी है। शीघ्र ही अन्य रिक्त पदों पर भी नियुक्ति प्रक्रिया शुरू की जाएगी। कार्यक्रम में कुलसचिव प्रो. वाई.पी. रैवानी, वित्त अधिकारी डॉ. अजय कुमार मोहंती, डीन पदोन्नति एवं भर्ती प्रो. एम.एस. पंवार, परीक्षा नियंत्रक डॉ. गौतम वीर, डीन मानविकी प्रो. एच.बी.एस. चैहान, प्रभारी डीएसडब्ल्यू डॉ. विजयकांत पुरोहित, एसआरटी परिसर के निदेशक प्रो. ए.ए. बौड़ाई, सहायक कुलसचिव डॉ. विजयपाल भंडारी, ख्याति वर्धन जोशी, सूर्य प्रकाश बादल, कुलदीप कुमार, चैरास परिसर के निदेशक प्रो. आर.एस. नेगी, जनसंपर्क अधिकारी आशुतोष बहुगुणा, शिक्षणेत्तर कर्मचारी संघ के अध्यक्ष देवेंद्र फर्स्वाण, महासचिव रविंद्र सिलवाल, उपाध्यक्ष राजेंद्र सिंह रावत सहित अनेक अधिकारी, कर्मचारी एवं गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
शिवांग राजा कौंसि स्मृति फैलोशिप-2025 से सम्मानित
श्रीनगर। गढ़वाल विवि के शिक्षणेत्तर कर्मचारी दिनेश राजा के पुत्र शिवांग राजा को कौंसि स्मृति फैलोशिप-2025 से सम्मानित किया गया। यह फैलोशिप सुमित्रा देवी एवं रामेश्वर प्रसाद भट्ट, पुजार गांव चंद्रबदनी टिहरी गढ़वाल के नाम शिक्षणेत्तर कर्मचारी परिषद कौंसि स्मृति फैलोशिप के नाम दी जाती है। पुरस्कार के रूप में 5100 रूपये का नकद पुरस्कार दिया गया। बताते चले कि शिवांग राजा द्वारा इंटरमीडिएट में 96.15 प्रतिशत अंक प्राप्त करने पर इस पुरस्कार से सम्मानित किया गया। शिवांग राजा को यह पुरस्कार कैबिनेट मंत्री डाॅ. धन सिंह रावत, देवप्रयाग विधायक विनोद कंडारी और गढ़वाल विवि के कुलपति प्रो. श्रीप्रकाश सिंह द्वारा प्रदान की गई।



